भारतीय संविधान की अनुसूचियाँ | Schedules of the Indian Constitution |

भारतीय संविधान में मूल रूप से 8 अनुसूचियाँ थी। 1951 ईस्वी के बाद संविधान संसोधन अधिनियम के तहत 4 और अनुसूचियाँ को जोड़े जाने पर वर्तमान में भारतीय संविधान की अनुसूचियाँ (Schedules of the Indian Constitution) की कुल संख्या 12 हो गई है। 

अनुसूचियाँउपबंध
प्रथम अनुसूचीराज्यों का नाम व उनका क्षेत्राधिकार ।
केन्द्र शासित प्रदेशों का नाम व उनका विस्तार ।
द्वितीय अनुसूचीवेतन, भत्ते, विशेषाधिकारों आदि से सम्बद्ध प्रावधान –
राष्ट्रपति व राज्यों के गवर्नरों ।
लोकसभाध्यक्ष व उपाध्यक्ष ।
राज्य सभा के सभापति व उपसभापति ।
राज्य विधानसभाओं के अध्यक्ष व उपाध्यक्ष ।
राज्य विधान परिषदों के सभापति व उपसभापति ।
सर्वोच्च न्यायालय व उच्च न्यायालयों के न्यायाधीशों ।
भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक ।
तृतीय अनुसूचीनिम्नलिखित के लिए शपथ व प्रतिज्ञान का प्रारूप
केन्द्रीय मंत्री ।
संसद के लिए चयनित सदस्यों ।
सांसदों के चयन हेतु उम्मीदवारों ।
सर्वोच्च न्यायालय के जज ।
उच्च न्यायालय के जज ।
भारत का नियंत्रक व महालेखापरीक्षक ।
राज्य मंत्री ।
राज्य विधायिका में चयन हेतु उम्मीदवारों ।
राज्य विधायिका के सदस्य ।
चौथी अनुसूचीराज्य सभा में राज्यों व केन्द्र शासित प्रदेशों को सीटों का आवंटन ।
पाँचवीं अनुसूचीअनुसूचित क्षेत्रों व अनुसूचित जनजातियों के प्रशासन व नियन्त्रण से सम्बद्ध उपबन्ध ।
छठी अनुसूचीअसम, मेघालय, त्रिपुरा व मिजोरम के जनजातीय क्षेत्रों के प्रशासन से सम्बद्ध प्रावधान ।
सातवीं अनुसूचीकेन्द्र व राज्यों में शक्तियों का तीन सूचियों में विभाजन –
(1) केंद्र सूची
(2) राज्य सूची
(3) समवर्ती सूची

आठवीं अनुसूची
‘संविधान द्वारा मान्यता प्राप्त भाषाओं को सम्मिलित करती है।
वर्तमान में कूल 22 है।
नवीं अनुसूचीकुछ निश्चित अधिनियमों व विनियमों (जिनमें से अधिकांशत: भूमि सुधार से सम्बद्ध हैं) की वैधता। ऐसे कुल 284 अधिनियम हैं। इस अनुसूची को प्रथम संविधान संशोधन 95 द्वारा जोड़ा गया था जिसमें प्रावधान है कि इसके तहत किसी भी विधि को डालकर राज्य उसे न्यायिक पुनरावलोकन से बचा सकते हैं।
दसवीं अनुसूची
दल बदल के आधार पर विधायकों की निर्योग्यता सम्बन्धी प्रावधान। यह अनुसूची 985 के 52वें संशोधन द्वारा जोड़ी गई थी। इसे दलबदल विरोधी कानून भी कहते हैं।
ग्यारहवीं अनुसूची
यह पंचायतों की शक्तियों , प्राधिकारिता व उत्तरदायित्व का उल्लेख करती है। इसमें 29 विषयवस्तु हैं। इस अनुसूची को 1992 के 73वें संशोधन द्वारा जोड़ा गया।
बारहवीं अनुसूची
यह नगरपालिकाओं की शक्तियों, प्राधिकारिता व उत्तरदायित्व का उल्लेख करती है। इसमें कुल 8 विषयवस्तु है। इस अनुसूची को 1993 के 74वें संशोधन द्वारा जोड़ा गया था।
संविधान में कुल कितनी अनुसूची है ?

12

मूल संविधान में कितनी अनुसूची थी ?

8

भारत में अंग्रेजो का आगमन

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